*-अर्जुन झा-*
*जगदलपुर।* बस्तर जिला मुख्यालय में जगदलपुर से सटी ग्राम पंचायत सरगीपाल में राजस्व भूमि एवं छोटे बड़े झाड़ के जंगल वाले क्षेत्र में गिट्टी खदान के पीछे मुरूम एवं मिट्टी का अवैध खनन धड़ल्ले से चल रहा है। यहां से गिट्टी और मुरुम निकाल कर कॉलोनी निर्माण के लिए जमीन का समतलीकरण किया जा रहा है। खनिज विभाग के अधिकारियों की सांठगांठ में संबंधित ठेकेदार द्वारा मुरूम मिट्टी का अवैध उत्खनन जोरों पर चल रहा है।
इस खेल में खनिज विभाग मौन समर्थन तो ही, वहीं राजस्व एवं वन विभाग के अधिकारी भी आंखें बंद किए बैठे हैं। उक्त स्थल से सैकड़ों टिप्पर मुरूम मिट्टी का उत्खनन कर शासन को मिलने वाली रॉयल्टी राशि में डाका डाला जा रहा है। वहीं रेलवे विभाग द्वारा रॉयल्टी जमा करने को लेकर सहमति पत्र दिए जाने के बाद भी रेलवे के शासकीय कार्या पर रोक लगा दी गई है। ज्ञातव्य हो कि खनिज विभाग ने दोहरा मापदंड अपनाते हुए रेलवे के मुरूम एवं मिट्टी खनन कार्य पर रोक लगा दी है। रेलवे द्वारा शासकीय आवास निर्माण के लिए लगने वाली मिट्टी, मुरुम आदि की रॉयल्टी राशि अदा करने बाबत सहमति पत्र देने के बावजूद खनिज विभाग के जिम्मेदार अधिकारी अपनी तानाशाही रवैया अपनाते हुए अड़े रहे। वहीं सरगीपाल स्थित गिट्टी खदान के पीछे वाले इलाका का कुछ हिस्सा राजस्व तो कुछ हिस्सा छोटे बड़े झाड़ के जंगल में दर्ज है। उक्त स्थल पर मुरूम एवं मिट्टी का अवैध खनन जोरों से चल रहा है। वहां जेसीबी के माध्यम से खनन कर हाईवा वाहन अवैध परिवहन किया जा रहा है। जिसकी जानकारी खनिज विभाग को भी है। विभाग की सांठगाठ से ही उत्खनन कार्य जोरों पर चल रहा है।
*पंचायत से नहीं ली एनओसी*
जिन स्थानों पर उत्खनन कार्य किया जा रहा है उक्त स्थल पर उत्खनन के लिए पंचायत से किसी प्रकार से कोई अनुमति नहीं ली गई है। अवैध उत्खनन से पंचायत को मिलने वाली रॉयल्टी में भी सेंधमारी की जा रही है।
जबकि पंचायत द्वारा रेलवे को किसानों की भूमि के समतलीकरण एवं तालाब निर्माण कराने को लेकर सहमति प्रदान की गई है। तो वहीं खनिज विभाग द्वारा इसमें रोड़े अटकाए जाने के कारण रेलवे द्वारा मुरूम एवं मिट्टी उत्खनन का कार्य बंद कर दिया गया है।
*करेंगे कार्रवाई*
अवैध खनन के मामले की जांच कराई जाएगी। बिना अनुमति के खनन किए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
*-राहुल गुप्ता,*
तहसीलदार, जगदलपुर
