*अर्जुन झा
रायपुर, 03 फरवरी (दुर्ग भिलाई अपडेट)।
छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना सुदूर वनांचल क्षेत्रों के लिए जीवनरेखा साबित हो रही है। खासकर बस्तर और सरगुजा संभाग के दूरस्थ गांवों को अब जिला मुख्यालय, स्कूल, अस्पताल और रेलवे स्टेशन से सीधी कनेक्टिविटी मिल रही है। इससे ग्रामीणों का सफर न केवल सुरक्षित हुआ है, बल्कि समय और खर्च की भी बड़ी बचत हो रही है।
सरगुजा जिले में बादा से बरियों, चारपारा, ककना, सिधमा, अखोराखुर्द, रूखपुर, चिखलाडीह, नर्मदापारा, सरगवां होते हुए अंबिकापुर तक शुरू की गई बस सेवा से ग्रामीणों में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। वर्षों से परिवहन संकट से जूझ रहे इन क्षेत्रों में अब विकास की नई राह खुल गई है।
स्वास्थ्य कर्मियों को मिली बड़ी राहत
शहरी स्वास्थ्य अस्पताल में कार्यरत स्वास्थ्यकर्मी परमानिया पैकरा ने बताया कि इस मार्ग पर यह पहली नियमित बस सेवा है। पहले समय पर ड्यूटी पहुंचना और सुरक्षित घर लौटना चिंता का विषय था, लेकिन अब बस सेवा से यह समस्या खत्म हो गई है।
वहीं स्वास्थ्यकर्मी चंदा टोप्पो ने कहा कि बांदा क्षेत्र से आवागमन के साधन सीमित थे, लेकिन बस शुरू होने से उनकी पेशेवर जिंदगी काफी आसान हो गई है।
विद्यार्थियों के लिए वरदान बनी योजना
इस योजना से छात्रों के जीवन में भी बड़ा बदलाव आया है। पुष्पेंद्र कॉलेज ऑफ नर्सिंग की फाइनल ईयर छात्रा लक्ष्मी बताती हैं कि पहले बस पकड़ने में काफी परेशानी होती थी, लेकिन अब बस घर के सामने से गुजरती है, जिससे पढ़ाई पर पूरा ध्यान दे पा रही हैं।
पीजी कॉलेज की छात्रा निशा ने बताया कि पहले उन्हें 5 किलोमीटर पैदल चलकर बस पकड़नी पड़ती थी, जबकि अब सिधमा गांव से ही सीधी बस मिल रही है।
ग्रामीणों को पैदल व बाइक सफर से मिली मुक्ति
सिधमा गांव के निवासी दिव्यांशु सिंह ने बताया कि बस सुविधा न होने से रोज़ाना 5 किलोमीटर पैदल या बाइक से जाना पड़ता था। अब गांव से ही बस मिलने से वे समय पर स्कूल पहुंच पा रहे हैं।
मुख्यमंत्री की दूरदर्शिता से बदली तस्वीर
मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना केवल एक परिवहन व्यवस्था नहीं, बल्कि सुशासन की मिसाल है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की इस पहल से सुदूर वनांचल के गांव अब विकास की मुख्यधारा से जुड़ रहे हैं। शिक्षा, स्वास्थ्य और व्यापार तक पहुंच आसान हुई है और अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति को भी सशक्त बनाया जा रहा है।
सरगुजा की सड़कों पर दौड़ती यह बसें आज प्रदेश की प्रगति की नई कहानी लिख रही हैं।


