कोरबा, 03 फरवरी (दुर्ग भिलाई अपडेट)।
छत्तीसगढ़ किसान सभा एवं भू-विस्थापित रोजगार एकता संघ के नेतृत्व में गेवरा खदान से प्रभावित किसानों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर मंगलवार को जोरदार प्रदर्शन किया। आंदोलनकारियों ने एसईसीएल की गेवरा खदान में मिट्टी व कोयला खनन को ठप कराते हुए साइलो संचालन भी बंद करा दिया, जिससे रैक लोडिंग का कार्य बुरी तरह प्रभावित हुआ। स्थिति को देखते हुए मौके पर भारी संख्या में पुलिस और सीआईएसएफ के जवान तैनात किए गए।
आंदोलन को संबोधित करते हुए किसान सभा के प्रदेश संयुक्त सचिव प्रशांत झा ने कहा कि खदान विस्तार के नाम पर ग्रामीणों की पूरी जमीन ली जा रही है, लेकिन रोजगार के समय प्रभावित परिवारों के साथ अन्याय हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि 100 प्रतिशत रोजगार प्रभावितों को देने के बजाय बाहरी लोगों को प्राथमिकता दी जा रही है और प्रभावितों के हक के रोजगार को प्रतिशत के खेल में बेचा जा रहा है। इससे विस्थापित परिवारों की स्थिति सुधरने के बजाय और खराब होती जा रही है।
किसान सभा के जिला सचिव दीपक साहू ने आउटसोर्सिंग कंपनियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि भू-विस्थापितों को रोजगार में प्राथमिकता नहीं दी जा रही है। साथ ही उन्होंने बिना सेफ्टी जोन बनाए खदान विस्तार को नियमों के खिलाफ बताया और पहले सेफ्टी जोन तैयार करने की मांग की।
भू-विस्थापित रोजगार एकता संघ के नेता दामोदर श्याम ने हेवी ब्लास्टिंग पर नाराजगी जताते हुए कहा कि इससे आसपास के घरों में दरारें आ रही हैं और लोगों में दहशत का माहौल है। खदान से उड़ने वाली धूल और डस्ट से गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है, साथ ही घरेलू सामान भी खराब हो रहे हैं, लेकिन प्रबंधन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है।
लगभग 5 घंटे तक खदान और साइलो बंद रहने के बाद एसईसीएल गेवरा प्रबंधन ने आंदोलनकारियों को दो दिनों के भीतर समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया, जिसके बाद आंदोलन समाप्त किया गया। हालांकि प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि तय समय में सकारात्मक कदम नहीं उठाए गए तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
आंदोलन में दीपक साहू, दामोदर श्याम, सुक्रिता, राजकुमारी, अमृत बाई, राज कुंवर, जगत सिंह कंवर, सुमेन्द्र सिंह कंवर, मिथलेश, रमेश कठोतिया, गुलाब दास, पवन पाटले, यशवर्धन, राजेंद्र राठौर, रमेश दास, तुलेष बैरागी, बिमल दास, हेतराम, रामायण कंवर, संजय यादव सहित बड़ी संख्या में भू-विस्थापित ग्रामीण उपस्थित रहे।
