राजनांदगांव 16 जनवरी।(दुर्ग भिलाई अपडेट) जिले में कथित रूप से संचालित किए जा रहे धर्मांतरण से जुड़े एक बड़े नेटवर्क का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। ग्राम धर्मापुर में डेविड चाको नाम के व्यक्ति पर नियमों को ताक पर रखकर आश्रम और चर्च चलाने का आरोप है। बताया जा रहा है कि यहां नाबालिग बच्चों को रखकर उन्हें प्रभावित करने की गतिविधियां की जा रही थीं।
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी जिले के दूर-दराज के ऐसे गांवों को निशाना बना रहा था, जहां बिजली जैसी सुविधाएं उपलब्ध नहीं थीं। इन क्षेत्रों में सोलर पावर से चलने वाले डिजिटल प्रोजेक्टर लगाकर ग्रामीणों को प्रभावित करने का प्रयास किया जाता था। इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी को हिरासत में लिया है। प्रकरण लालबाग थाना क्षेत्र के सुकुलदेहन चौकी अंतर्गत दर्ज किया गया है।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपी के कब्जे से विदेशी तकनीक के अत्याधुनिक उपकरण जब्त किए हैं, जिनकी कीमत हजारों डॉलर बताई जा रही है। पुलिस को संदेह है कि इन गतिविधियों के लिए विदेशों से आर्थिक सहायता मिल रही थी। प्रारंभिक जांच में यह भी संकेत मिले हैं कि इस नेटवर्क का फैलाव राज्य के अन्य जिलों तक हो सकता है।
मामले का खुलासा 8 जनवरी को ग्राम धर्मापुर से मिली एक लिखित शिकायत के बाद हुआ। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि गांव में अवैध रूप से आश्रम और चर्च का संचालन किया जा रहा है, जहां नाबालिग बच्चों को रखकर कथित तौर पर धर्मांतरण की गतिविधियां चलाई जा रही हैं।
पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देश तथा नगर पुलिस अधीक्षक वैशाली जैन के पर्यवेक्षण में पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी डेविड चाको के खिलाफ छत्तीसगढ़ धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम की धारा 3, 4 और 5 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है।
