न्यूयॉर्क, 10 जनवरी।(दुर्ग भिलाई अपडेट)
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने एक बेहद दुर्लभ और अहम फैसला लेते हुए अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) पर जारी अपने एक मिशन को समय से पहले समाप्त करने की घोषणा की है। यह निर्णय एक अंतरिक्ष यात्री की अचानक सामने आई स्वास्थ्य समस्या के कारण लिया गया है।
नासा के अनुसार, अमेरिका, जापान और रूस के चार अंतरिक्ष यात्रियों की संयुक्त टीम अब निर्धारित समय से पहले, अगले कुछ दिनों में पृथ्वी पर वापस लौटेगी। इस अप्रत्याशित मेडिकल स्थिति के चलते नासा को नए साल की पहली प्रस्तावित स्पेसवॉक भी रद्द करनी पड़ी है।
एजेंसी ने मरीज की निजता का हवाला देते हुए बीमार अंतरिक्ष यात्री की पहचान और बीमारी से जुड़ी जानकारी सार्वजनिक नहीं की है। हालांकि, नासा ने स्पष्ट किया है कि अंतरिक्ष यात्री की हालत फिलहाल स्थिर है।
नासा के मुख्य स्वास्थ्य एवं चिकित्सा अधिकारी डॉ. जेम्स पोल्क ने बताया कि यह कोई तत्काल जानलेवा स्थिति नहीं है, लेकिन क्रू की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि यह नासा के इतिहास में अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन से पहला “मेडिकल एग्जिट” है। इससे पहले दांत दर्द या कान दर्द जैसी समस्याओं का इलाज स्टेशन पर मौजूद संसाधनों से ही किया जाता रहा है।
पृथ्वी पर लौटने वाली यह चार सदस्यीय टीम अगस्त महीने में स्पेसएक्स के यान से ISS पहुंची थी। पूर्व योजना के अनुसार उन्हें कम से कम छह महीने स्टेशन पर रहना था, लेकिन मेडिकल कारणों से मिशन को छोटा कर दिया गया है। लौटने वालों में नासा के जीना कार्डमैन और माइक फिंके, जापान के किमिया युई और रूस के ओलेग प्लातोनोव शामिल हैं।
माइक फिंके और किमिया युई पहले भी अंतरिक्ष यात्रा कर चुके हैं, जबकि कार्डमैन और प्लातोनोव की यह पहली अंतरिक्ष यात्रा थी। फिंके और कार्डमैन को स्टेशन के लिए नए सोलर पैनल से जुड़ी एक महत्वपूर्ण स्पेसवॉक करनी थी, जिसे अब रद्द कर दिया गया है।
चारों अंतरिक्ष यात्रियों की वापसी के बावजूद अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन खाली नहीं होगा। स्टेशन पर नासा के क्रिस विलियम्स और रूस के सर्गेई मिकाएव व सर्गेई कुद-सेवर्चकोव अपना मिशन जारी रखेंगे। ये तीनों नवंबर में सोयुज रॉकेट से आठ महीने के मिशन पर ISS पहुंचे थे और उनकी वापसी गर्मियों में प्रस्तावित है।
