दुर्ग, 02 जनवरी। नशे के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन विश्वास अभियान के तहत दुर्ग पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने पंजाब से सिंथेटिक हेरोइन (चिट्टा) लाकर जिले में सप्लाई करने वाले दो अलग–अलग गिरोहों का पर्दाफाश करते हुए एक महिला सहित 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई में पुलिस ने करीब 52 ग्राम चिट्टा, 281.85 ग्राम डोडा चूरा, एक स्वीफ्ट कार, 9 मोबाइल फोन और लगभग 9 लाख रुपये नकद जब्त किए हैं। जब्त सामग्री की कुल कीमत करीब 24 लाख रुपये आंकी गई है।
पहली कार्रवाई थाना जामुल क्षेत्र में की गई, जहां ढांचा भवन कुरूद निवासी एक महिला अपने बेटे किशन सिंह के साथ मिलकर पंजाब से चिट्टा मंगवाकर बेचने का धंधा कर रही थी। सूचना पर पुलिस ने महिला के घर पर दबिश दी, जहां से 33.360 ग्राम चिट्टा और डोडा चूरा बरामद किया गया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी महिला 20 हजार रुपये प्रति ग्राम की दर से चिट्टा बेचती थी, जबकि उसका बेटा ग्राहकों तक नशा पहुंचाने का काम करता था। चिट्टा बिक्री से अर्जित 8.90 लाख रुपये नकद भी महिला की निशानदेही पर बरामद किए गए। पुलिस आरोपी महिला और उसके पुत्र के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है।

दूसरी कार्रवाई थाना खुर्सीपार क्षेत्र में की गई, जहां मिनी स्टेडियम सुलभ के पास संदिग्ध हालत में मिले मिथलेश पाठक और परमेश्वर ठाकुर उर्फ पिंटू डेफिनेट की तलाशी लेने पर उनके पास से क्रमशः 8 ग्राम और 6 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ। पूछताछ में दोनों ने स्वीकार किया कि वे पंजाब से चिट्टा लाकर भिलाई और आसपास के इलाकों में सप्लाई करते थे। उनकी निशानदेही पर दीपक गुप्ता, निहाल राय, लोकेश अवस्थी, रणदीप सिंह और अल्ताफ कुरैशी से भी चिट्टा बरामद किया गया।

पुलिस ने थाना जामुल के अपराध क्रमांक 03/2026 और थाना खुर्सीपार के अपराध क्रमांक 02/2026 के तहत सभी आरोपियों के खिलाफ धारा 8/21(ख), 27 एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया है। नशे के इस नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। रैकेट को पूरी तरह ध्वस्त करने के लिए पुलिस ने विशेष टीम का गठन किया है।
