दुर्ग, 09 फरवरी (दुर्ग भिलाई अपडेट)।
जिले में अपराध नियंत्रण, विवेचना की गुणवत्ता और प्रशासनिक अनुशासन को लेकर पुलिस अधीक्षक दुर्ग द्वारा आज पुलिस कंट्रोल रूम, दुर्ग में जिले के समस्त थाना प्रभारियों एवं राजपत्रित अधिकारियों की अपराध समीक्षा बैठक (क्राइम मीटिंग) आयोजित की गई।
बैठक में गंभीर एवं संवेदनशील अपराधों की त्वरित, निष्पक्ष एवं गुणवत्तापूर्ण विवेचना सुनिश्चित करने, लंबित मामलों के शीघ्र निराकरण तथा प्रतिबंधात्मक कार्यवाहियों की समीक्षा की गई। पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट निर्देश दिए कि विवेचना के दौरान साक्ष्य संकलन, गवाहों के कथन, तकनीकी साक्ष्य और वैधानिक प्रावधानों का पूर्ण पालन किया जाए।
आदतन अपराधियों, निगरानी बदमाशों एवं वारंटियों के विरुद्ध सख्त वैधानिक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए। साथ ही अवैध हथियारों, मादक पदार्थों, जुआ-सट्टा एवं नशा तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने पर विशेष जोर दिया गया।
बैठक में दिए गए प्रमुख निर्देश इस प्रकार हैं—
प्रत्येक थाना प्रभारी द्वारा प्रतिदिन थाना गणना उपस्थित सुनिश्चित की जाए।
जन-शिकायतों का त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण किया जाए।
गंभीर मामलों की सूचना समय पर राजपत्रित अधिकारियों को दी जाए।
गंभीर अपराधों में थाना प्रभारी स्वयं एफआईआर दर्ज करेंगे।
आरक्षकों द्वारा ए-बी नोटबुक का संधारण एवं साप्ताहिक निरीक्षण सुनिश्चित किया जाए।
थाना प्रभारी रात्रि में थाना मुख्यालय में ही मुकाम करेंगे।
अवैध नशा, मादक पदार्थ एवं नशा तस्करी के विरुद्ध सतत कार्रवाई की जाए।
विधानसभा सत्र को देखते हुए बीट व्यवस्था को सुदृढ़ किया जाए।
पुलिस कार्यालय से प्राप्त पत्राचार का समय-सीमा में जवाब दिया जाए।
नेफिस प्रणाली का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित किया जाए।
एनडीपीएस एवं आबकारी अधिनियम के अंतर्गत जप्त सामग्री का विधिवत नष्टीकरण कराया जाए।
जप्त वाहनों एवं शराब प्रकरणों का शीघ्र निराकरण किया जाए।
ई-चालान, ई-समन एवं ई-ऑफिस प्रणाली का प्रभावी क्रियान्वयन किया जाए।
लंबित मर्ग एवं प्रतिबंधात्मक प्रकरणों का शीघ्र निराकरण किया जाए।
रात्रिकालीन गश्त के प्वाइंट बढ़ाए जाएं।
थाने में आने वाले सभी नागरिकों से सम्मानपूर्वक व्यवहार किया जाए।
पुलिस अधीक्षक ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही चेतावनी दी गई कि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
