रायपुर, 05 जनवरी।
छत्तीसगढ़ में आयोजित होने वाली सभी भर्ती परीक्षाओं को निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध ढंग से संपन्न कराने के लिए राज्य सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने मंत्रालय महानदी भवन में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक कर भर्ती प्रक्रियाओं की गहन समीक्षा की।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रदेश के युवा कठिन परिश्रम के साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं और शासन का दायित्व है कि उनकी मेहनत का सम्मान किया जाए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि परीक्षा प्रणाली में किसी भी प्रकार की अनियमितता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में मुख्यमंत्री ने परीक्षा व्यवस्था को वर्तमान समय की चुनौतियों के अनुरूप और अधिक मजबूत बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि भर्ती परीक्षाओं की शुचिता बनाए रखने के लिए तकनीकी और प्रशासनिक स्तर पर सभी आवश्यक कदम उठाए जाएँ।
भर्ती प्रक्रियाओं की समीक्षा के दौरान पुलिस बल सहित विभिन्न विभागों में चल रही नियुक्तियों पर चर्चा की गई। साथ ही समान पात्रता वाले पदों के लिए अलग-अलग परीक्षाओं के स्थान पर संयुक्त भर्ती परीक्षा आयोजित करने के प्रस्ताव पर भी विचार किया गया। इससे समय, संसाधन और प्रशासनिक लागत में कमी आने की संभावना जताई गई।
मुख्यमंत्री ने पीएससी की परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी, आधुनिक और अभ्यर्थी हितैषी बनाने की आवश्यकता पर बल दिया। इसके साथ ही प्रतियोगी परीक्षाओं के पाठ्यक्रम को समसामयिक विषयों और वर्तमान जरूरतों के अनुरूप अद्यतन करने पर भी मंथन किया गया।
बैठक में उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा सहित मुख्य सचिव विकास शील, पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम, अपर मुख्य सचिवगण, सचिव स्तर के अधिकारी एवं विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
