कोलकाता, 03 फरवरी (दुर्ग भिलाई अपडेट)
पश्चिम बंगाल में अवैध कोयला और बालू तस्करी से जुड़े मामलों में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने एक बार फिर सख्त रुख अपनाते हुए मंगलवार सुबह व्यापक छापेमारी अभियान चलाया। केंद्रीय जांच एजेंसी ने कोलकाता, दुर्गापुर, आसनसोल और बर्द्धमान समेत राज्य के कुल नौ ठिकानों पर एक साथ कार्रवाई की।
सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई तस्करी से अर्जित काले धन के लेन-देन और उससे जुड़े हवाला नेटवर्क की पड़ताल के लिए की जा रही है। ईडी को संदेह है कि अवैध खनन से मिली मोटी रकम को अलग-अलग माध्यमों से इधर-उधर किया गया, जिसके डिजिटल और वित्तीय सबूत जुटाए जा रहे हैं।
दुर्गापुर में सुबह करीब छह बजे से सेपको टाउनशिप स्थित एक बालू कारोबारी के आवास पर ईडी की टीम दस्तावेजों की गहन जांच में जुटी हुई है। वहीं, सिटी सेंटर क्षेत्र के आंबेडकर सरणी इलाके में स्थित एक संदिग्ध मकान की भी तलाशी ली गई। इसके अलावा पांडवेश्वर और कांकसा क्षेत्रों में राष्ट्रीय राजमार्ग-19 के आसपास बने परिसरों पर भी ईडी ने दबिश दी है।
जांच में सामने आया है कि संबंधित कारोबारी अजय और दामोदर नदियों से बालू खनन कार्य से जुड़े हुए हैं। आरोप है कि वैध टेंडर की आड़ में बड़े पैमाने पर अवैध बालू उत्खनन किया गया। एक ही चालान का बार-बार उपयोग कर बालू की ढुलाई की गई और बीरभूम जिले के दस्तावेजों का इस्तेमाल कर पश्चिम बर्द्धमान से अवैध तस्करी की गई।
ईडी का दावा है कि इन गैरकानूनी गतिविधियों के जरिए कम समय में भारी संपत्ति अर्जित की गई है। फिलहाल तलाशी अभियान जारी है और कई अहम दस्तावेज व डिजिटल रिकॉर्ड जब्त किए गए हैं। जांच के आधार पर आगे और भी खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
