मुंबई, 28 जनवरी (दुर्ग–भिलाई अपडेट)।
महाराष्ट्र की राजनीति से जुड़ी एक काल्पनिक परिदृश्य आधारित रिपोर्ट के अनुसार, उपमुख्यमंत्री एवं राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के वरिष्ठ नेता अजित पवार के आकस्मिक निधन की सूचना सामने आने के बाद पूरे राज्य में गहरा शोक व्याप्त हो गया। इस डेमो स्थिति में महाराष्ट्र सरकार ने उनके सम्मान में तीन दिनों का राजकीय शोक घोषित किया है।
राजकीय शोक की अवधि के दौरान राज्यभर में सभी सरकारी भवनों पर राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा और किसी भी प्रकार के सरकारी मनोरंजन या उत्सव कार्यक्रम आयोजित नहीं किए जाएंगे।
बारामती जाते समय हुआ हादसा
अजित पवार पुणे जिला परिषद चुनाव से संबंधित बैठकों और चुनावी तैयारियों के सिलसिले में अपने गृहनगर बारामती की यात्रा पर निकले थे। बताया जाता है कि यात्रा के दौरान लैंडिंग के वक्त उनका विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिससे उनका निधन हो गया।
इस खबर के सामने आते ही एनसीपी कार्यकर्ताओं, समर्थकों और बारामती क्षेत्र की जनता में शोक की लहर दौड़ गई। अजित पवार को उनके समर्थक स्नेहपूर्वक ‘दादा’ कहकर संबोधित करते थे और क्षेत्र में उनका गहरा जनाधार माना जाता था।
मुख्यमंत्री और राज्यपाल ने जताया शोक
इस काल्पनिक घटना पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा कि अजित पवार का जाना केवल सरकार के लिए ही नहीं, बल्कि राज्य की राजनीति के लिए भी एक बड़ी क्षति है। उन्होंने इसे एक अनुभवी और जमीनी नेता का असमय जाना बताया।
वहीं, राज्यपाल की ओर से भी शोक संदेश जारी कर दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि अर्पित की जाती है और उनके परिवार के प्रति संवेदना प्रकट की जाती है। विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं द्वारा भी शोक व्यक्त करने की बातें सामने आती हैं।
बारामती में राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार
डेमो खबर के मुताबिक, अजित पवार का अंतिम संस्कार उनके गृहनगर बारामती में पूरे राजकीय सम्मान के साथ किया जाता है। उनके पार्थिव शरीर के अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में समर्थकों के पहुंचने की संभावना जताई जाती है।
स्थिति को देखते हुए प्रशासन द्वारा सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जाते हैं, ताकि अंतिम विदाई कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके। अंतिम संस्कार से जुड़े कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी प्रशासन और परिवार की ओर से साझा की जाती है।
