श्रीनगर | 23 जनवरी (दुर्ग भिलाई अपडेट)
शुक्रवार को मौसम के अचानक बदले मिज़ाज ने उत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों में ठंड, बारिश और बर्फबारी का प्रकोप बढ़ा दिया। जम्मू-कश्मीर में बीती रात से जारी खराब मौसम के चलते जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। इस वर्ष पहली बार जम्मू प्रांत में इतनी व्यापक स्तर पर बारिश और बर्फबारी दर्ज की गई है।
मौसम का सबसे अधिक असर त्रिकुटा पहाड़ियों पर देखने को मिला है, जहां भारी बारिश और बर्फबारी के कारण माता वैष्णो देवी की पवित्र यात्रा को एहतियातन रोक दिया गया है। माता के भवन क्षेत्र में रातभर बारिश होती रही, जबकि सुबह होते-होते बर्फबारी शुरू हो गई, जिससे हालात और अधिक चुनौतीपूर्ण बन गए।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ने नए श्रद्धालुओं के पंजीकरण पर भी अस्थायी रूप से रोक लगा दी है। लगातार बारिश और बर्फबारी के कारण यात्रा मार्ग अत्यंत फिसलन भरे हो गए हैं, जिससे हादसों की आशंका बढ़ गई है।
भूस्खलन की आशंका, एहतियाती कदम
खराब मौसम के चलते भूस्खलन की संभावनाएं भी बढ़ गई हैं। इन्हीं परिस्थितियों को देखते हुए श्राइन बोर्ड ने यात्रा को अस्थायी रूप से स्थगित करने का निर्णय लिया है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 36 घंटों तक जम्मू-कश्मीर में मौसम का यही रुख बने रहने की संभावना है।
ऊंचाई वाले इलाकों में जारी हिमपात
जहां जम्मू के मैदानी इलाकों में लगातार बारिश हो रही है, वहीं ऊंचाई वाले और पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी जारी है। प्रसिद्ध पर्यटन स्थल पटनीटॉप में देर रात करीब 1:30 बजे से बर्फबारी शुरू हुई, जो समाचार लिखे जाने तक जारी थी। इसके अलावा राजौरी और पूंछ के ऊंचे पहाड़ी इलाकों में भी लगातार हिमपात हो रहा है।
मौसम विभाग ने आगामी दिनों में कई इलाकों में भारी बर्फबारी की चेतावनी जारी करते हुए लोगों और यात्रियों से सतर्क रहने की अपील की है।
